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गोल्डन आवर में मिलेगा मुफ्त इलाज, सरकार ने शुरू की नई व्यवस्था

7/17/2026 6:47:10 PM IST

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कोयलांचल लाइव डेस्क, Koylachal Live News Team
Munger : अब सड़क हादसे में घायल होने के बाद इलाज के लिए पैसों की चिंता नहीं करनी पड़ेगी। हादसे के बाद का पहला घंटा यानी गोल्डन आवर सबसे अहम माना जाता है और इसी समय पर इलाज सुनिश्चित करने के लिए केंद्र सरकार ने कैशलेस उपचार योजना लागू की है। मुंगेर में भी यह योजना शुरू हो गई है। इसके तहत सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को पहले सात दिनों तक अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा। इसके लिए जिले के 10 सरकारी और 6 निजी अस्पताल, यानी कुल 16 अस्पतालों को सूचीबद्ध किया गया है। सड़क दुर्घटना के बाद अस्पताल के बाहर इलाज के खर्च की चिंता अब काफी हद तक खत्म होने जा रही है। केंद्र सरकार की नई कैशलेस उपचार योजना के तहत सड़क हादसे में घायल किसी भी व्यक्ति को पहले सात दिनों तक अधिकतम 1 लाख 50 हजार रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलेगा। मुंगेर जिले में भी इस योजना की शुरुआत हो चुकी है। जिले के 16 अस्पतालों को इस योजना से जोड़ा गया है, जिनमें 10 सरकारी और 6 निजी अस्पताल शामिल हैं। योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि घायल को अस्पताल पहुंचते ही इलाज शुरू कर दिया जाएगा। पैसे जमा कराने या लंबी कागजी प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। इलाज का पूरा खर्च मोटर वाहन दुर्घटना कोष से वहन किया जाएगा।हालांकि, योजना का लाभ तभी मिलेगा जब सड़क दुर्घटना के 24 घंटे के भीतर घायल को सूचीबद्ध अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। विशेषज्ञों के अनुसार, हादसे के बाद का पहला घंटा यानी गोल्डन आवर सबसे महत्वपूर्ण होता है। इस दौरान समय पर इलाज मिलने से कई गंभीर घायलों की जान बचाई जा सकती है। योजना को पूरी तरह डिजिटल बनाया गया है। दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ई-डीएआर पोर्टल पर घायल का विवरण दर्ज करेगी, जबकि डायल-112 के माध्यम से एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन सहायता तुरंत उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि इलाज में किसी तरह की देरी न हो। सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है कि सड़क हादसे के बाद किसी भी घायल की जान सिर्फ पैसों की कमी के कारण न जाए। अब जरूरत सिर्फ इतनी है कि हादसे के बाद घायल को जल्द से जल्द सूचीबद्ध अस्पताल तक पहुंचाया जाए।
 
मुंगेर से कोयलांचल लाइव के लिए इम्तियाज़ खान की रिपोर्ट