Date: 04/11/2026 Wednesday ABOUT US ADVERTISE WITH US Contact Us

 पप्पू यादव का बड़ा ऐलान, बोले- बारामुड़ी खटाल उजाड़ने की कोशिश हुई तो होगी आर-पार की लड़ाई, अधिकारियों को दी खुली चेतावनी

11/4/2026 2:22:07 PM IST

26
कोयलांचल लाइव डेस्क, Koylachal Live News Team
Dhanbad : धनबाद पहुंचे पूर्णिया के निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने बारामुड़ी खटाल मामले को लेकर बड़ा राजनीतिक ऐलान किया है। उन्होंने खटाल में रहने वाले लोगों के समर्थन में खुलकर उतरने और उनके हक की लड़ाई लड़ने का भरोसा दिया। पप्पू यादव ने प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि गरीबों के आशियाने को उजाड़ने की कोशिश हुई तो आर-पार की लड़ाई होगी और वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उन्होंने इस पूरे मामले को गरीबों के अधिकार और अरबों रुपये की जमीन से जुड़ा सवाल बताया। वहीं, बिहार की कानून व्यवस्था पर सरकार को घेरा और बागेश्वर धाम के बाबा धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को बीजेपी का प्रोडक्ट बताते हुए बाबाओं के लिए कोड ऑफ कंडक्ट यानी आचार संहिता लागू करने की मांग की। धनबाद से पप्पू यादव के इन बयानों ने सियासी हलचल तेज कर दी है। धनबाद में बारामुड़ी खटाल को लेकर जारी विवाद के बीच पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने खटाल में रहने वाले लोगों के समर्थन में मोर्चा खोल दिया है। धनबाद पहुंचने पर उन्होंने साफ कहा कि यह लड़ाई किसी एक जाति या समाज की नहीं, बल्कि गरीबों के घर, रोजगार और अधिकारों की लड़ाई है। उनके मुताबिक, खटाल में यादव समाज के अलावा एसटी, एससी, ईबीसी, दलित, अल्पसंख्यक और दूसरे वर्गों के लोग भी रहते हैं। ऐसे में किसी कार्रवाई से हजारों परिवारों का भविष्य प्रभावित हो सकता है। पप्पू यादव ने सवाल उठाया कि जब वर्षों पहले सरकारी नीति के तहत लोगों को वहां बसाया गया, तो आज उन्हें हटाने की नौबत क्यों आ रही है? उन्होंने आरोप लगाया कि खटाल की जमीन पर माफियाओं की नजर है और गरीबों को हटाकर जमीन पर कब्जा करने की साजिश की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि पूरा मामला मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के संज्ञान में है और सरकार इसे गंभीरता से ले रही है। सांसद ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि माफियाओं और अपराधियों के साथ मिलकर गरीबों का शोषण करने वाले पदाधिकारी बच नहीं पाएंगे। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई महाभारत से भी बड़ी होगी। जरूरत पड़ी तो सड़क पर उतरकर आंदोलन किया जाएगा। पप्पू यादव ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और राजनीतिक दलों से भी दलगत भावना से ऊपर उठकर खटाल बचाने की लड़ाई में साथ आने की अपील की। वहीं, बिहार की कानून व्यवस्था को लेकर भी पप्पू यादव ने तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में अपराध लगातार बढ़ रहे हैं और बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। मुख्यमंत्री की गरिमा का हवाला देते हुए उन्होंने सरकार से जनता के सम्मान और सुरक्षा को प्राथमिकता देने की नसीहत दी। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार और बीजेपी पर भी निशाना साधा। इधर, बागेश्वर धाम के बाबा धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री को लेकर पप्पू यादव का बयान और भी तीखा रहा। उन्होंने धीरेंद्र शास्त्री को बीजेपी का प्रायोजित प्रोडक्ट बताते हुए उनके बयानों और गतिविधियों पर सवाल खड़े किए। सांसद ने कहा कि देश में प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, सांसद, विधायक, जज और दूसरे जिम्मेदार पदों के लिए नियम और आचार संहिता है, तो धार्मिक उपदेश देने वाले बाबाओं के लिए भी कोड ऑफ कंडक्ट क्यों नहीं होना चाहिए? उन्होंने बाबाओं के लिए पुलिस वेरिफिकेशन और जवाबदेही तय करने की मांग की। साथ ही राम रहीम, आसाराम, नित्यानंद और रामपाल जैसे विवादित नामों का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे लोगों के कारण संत परंपरा की छवि प्रभावित होती है। फिलहाल, धनबाद में बारामुड़ी खटाल के समर्थन में पप्पू यादव के आर-पार की लड़ाई के ऐलान और बिहार की राजनीति से लेकर धार्मिक मुद्दों तक दिए गए उनके तीखे बयानों ने सियासी माहौल गरमा दिया है। अब देखना होगा कि बारामुड़ी खटाल मामले में उनके इस ऐलान के बाद आंदोलन क्या रुख लेता है और प्रशासनिक कार्रवाई पर इसका कितना असर पड़ता है।
 
संजना सिंह कोयलांचल लाइव डेस्क